तू भी जीत जाएगा...
तू भी जीत जाएगा...
क्या पता था कि
जीवन में एक दौर ऐसा भी आएगा ,
न हम किसी के अपने रहेंगे
और न कोई हमारा सगा रह जाएगा।
जिंदगी की उठा पटक में
कोई दोस्त कोई साथी काम न आएगा ,
सुख दुख की सौगात में
जीवन का ये सफर ऐसे यूँही गुजर जाएगा।
लाख घना अंधेरा हो
फिर एक नया सबेरा जरूर आएगा,
रख हौंसला इस पल
इन उलझनों से क्या तू हार जाएगा।
एक दिन ऐसा होगा
तू भी इतिहास रच आएगा,
लोगों की भीड़ से परे
जग में तू भी जाना जाएगा।
फिर तू मुस्कुराएगा।
फिर तू जीत जाएगा।।
:- संदीप
Waah !
ReplyDeleteशुक्रिया😊
Deleteबहुत सुन्दर कविता लिखी है।
ReplyDelete🙏🙏
आपका बहुत बहुत धन्यवाद🙏🙏
DeleteBest motivation👌👌👌
ReplyDeleteThank you so much😊
DeleteNyc 1 bhaii👏👏...Keeep going motivating us ✌🤗
ReplyDeleteThnx bhai😊sure👍
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DeleteThanks🙏
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